Thursday, August 27, 2026
Homeआम मुद्देसुर्खियों में नलवा स्टील और नलवा स्पेशल स्टील ..... जांच में हुआ...

सुर्खियों में नलवा स्टील और नलवा स्पेशल स्टील ….. जांच में हुआ खुलासा व्यवसायिक की जगह निकला कृषि …… खुल गई पोल अब देना होगा दोगुना मुद्रांक शुल्क … ऐसी और कितनी औद्योगिक कब्जे में भूमि जिसका प्रयोजन आज भी कृषि … सरकार को लगा रहे पलीता …पढ़ें पूरी खबर

 

 

रायगढ़। रायगढ़ एक औद्योगिक नगरी के रूप में ख्यातिमान हो रही है। इसी से जुड़ा रायगढ़ जिले के घरघोड़ा तहसील में स्थापित देश के जाने माने बड़े औद्योगिक घराने से जुड़ी नलवा स्टील एंड पावर और नलवा स्पेशल स्टील के बीच जमीन खरीदी बिक्री से उजागर हुआ मामला है।
दरअसल नलवा स्टील एंड पावर के कब्जे की जमीन नलवा स्पेशल स्टील के बीच परिसर के अंदर की 2.4 हेक्टेयर जमीन की खरीदी बिक्री से जुड़ा है। जिसे प्लांट के डायरेक्टर सरदार सिंह राठी ने एक नई कंपनी नलवा स्पेशल स्टील लिमिटेड को बेची। खास बात ये है की दस्तावेज में कृषि भूमि के रूप में दर्ज है शंका होने पर अधिकारियों द्वारा मौके पर देखा गया तो कई शेड, मशीनरी उपकरण लगे हुए थे। इससे जाहिर है कि मुद्रांक शुल्क काफी कम लगेगा लेकिन जांच में यह उजागर हो गया कि कम्पनी द्वारा उक्त भूमि को अनाधिकृत तरीके से खरीदी गई और अब तक उसका प्रयोजन कृषि से औद्योगिक प्रयोजन हेतु डाइवर्सन यानि व्यवसायिक प्रयोजन हेतु डाइवर्सन नहीं कराया जाना उजागर हुआ।

जांच के पूर्व जमीन की रजिस्ट्री में वैल्यु 4,15,70,500 आंका गया जिस पर 27,43,653 रुपए मुद्रांक शुल्क दिया गया। उप पंजीयक घरघोड़ा ने स्थल निरीक्षण के बाद जिला पंजीयक को इस प्रकरण की जानकारी दी। तब कलेक्टर ऑफ स्टाम्प्स ने प्रकरण दर्ज कर पुन: आंकलन किया। जांच में पाया गया कि उक्त भूमि पर निर्मित संरचना एवं मशीनरी का कुल मूल्य 7,96,47,112 रुपए होता है। इस हिसाब से कुल देय मुद्रांक शुल्क 52,56,715 रुपए होगा। इसलिए नलवा स्पेशल स्टील को 25,13,062 रुपए अतिरिक्त जमा करने का आदेश दिया गया। इस तरह नलवा स्टील एवं नलवा स्पेशल स्टील के बीच सौदे में सरकार के खजाने में 27,43,653 रु के अलावा 25,13,062 रु और अतिरिक्त मुद्रांक शुल्क के रूप में देना होगा। इससे जाहिर होता है कि इन औद्योगिक घरानों द्वारा किस तरह से सरकार को पलीता लगा रहे हैं।
अब इसमें खास बात ये है कि नियम विरुद्ध नलवा स्टील एंड पावर द्वारा खरीदी गई किसानों से सीधे जमीन का उपयोग औद्योगिक प्रयोजन में किया जा रहा है जबकि दस्तावेजों में आज भी प्रयोजन कृषि उल्लेखित है। इसमें एक खास बात और है कि नलवा द्वारा 16 हे. जमीन में से 2.400 हे. को बेचा गया। बाकी शेष बचा भूखंड आज भी कृषि प्रयोजन से जुड़ा है लेकिन उपयोग औद्योगिक प्रयोजन में किया जा रहा है। क्या इस पर भी जिम्मेदार अधिकारी नलवा स्टील एंड पावर के खिलाफ कार्रवाई करेंगे या यहीं पर इतिश्री कर दिया जाएगा । यदि इसकी और सही जांच हो जाए तो और भी जमीन से जुड़े और घपले उजागर होंगे।

 

RELATED ARTICLES

30,000 टन सालाना उत्पादन क्षमता वाला संयंत्र 100% हरित ऊर्जा से संचालित होगा…वायर एवं केबल, पॉलिमर इंसुलेटर, थर्मल इंसुलेशन और ईवी क्षेत्र की बढ़ती...

  बेलगावी। आदित्य बिड़ला समूह की प्रमुख धातु कंपनी हिंडाल्को इंडस्ट्रीज लिमिटेड ने कर्नाटक के बेलगावी में देश का पहला सुपरफाइन PPT ATH (Precipitated Aluminium...

मेगा हेल्थ कैंप एवं रक्तदान कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न, बड़ी संख्या में लोगों ने उठाया स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ… अतिथियों ने कहा इस तरह के...

    रायगढ़। पैगंबर हजरत मोहम्मद सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम के विलादत दिवस जश्न-ए-ईद मिलादुन्नबी के अवसर पर ऑल मुस्लिम वेलफेयर फाउंडेशन, रायगढ़ एवं जश्न-ए-ईद मिलादुन्नबी कमेटी,...

राष्ट्रीय शिक्षक सम्मान से सम्मानित होंगी छत्तीसगढ़ से जिले की शिक्षिका सुनीता यादव ….छत्तीसगढ़ से एक मात्र इसलिए हुआ चयन …

  सारंगढ़ बिलाईगढ़/ राष्ट्रीय शिक्षक सम्मान 2026 के लिए सारंगढ़- बिलाईगढ़ जिले की शिक्षिका सुनीता यादव का छत्तीसगढ़ से एकमात्र चयन किया गया है। उन्हें शिक्षक...

देश की 22 प्रतिशत यादव आबादी का बंटवारा मंजूर नहीं- यादव महासभा….कलेक्टर से मुलाकात कर कॉलम एक करने की मांग… कहा अंग्रेजों ने साज़िश...

      रायगढ़। छत्तीसगढ़ यादव महासभा के प्रतिनिधिमंडल ने  कलेक्टर से मुलाकात कर आगामी जाति जनगणना में यादव समाज की विभिन्न उपजातियों को अलग अलग दर्ज...
- Advertisment -spot_img

Most Popular

Recent Comments